
देहरादून : सड़क पर होने वाले आपसी विवाद और रोडरेज के मामले अब गंभीर रूप लेते जा रहे हैं। पिछले कुछ महीनों में युवकों के बीच विवाद के बाद फायरिंग की कई घटनाएं सामने आई हैं। 30 मार्च को जोहड़ी गांव में रिटायर्ड ब्रिगेडियर की भटकती गोली लगने से मौत के बाद तीन जुलाई को छह नंबर पुलिया के पास दो युवकों के घायल होने की घटना हुई। अब पटेलनगर और शिमला बाईपास चौक पर हुई फायरिंग ने शहर की कानून-व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ा दी है।
30 मार्च की सुबह करीब 6:50 बजे राजपुर थाना क्षेत्र के जोहड़ी गांव में मसूरी रोड पर मॉर्निंग वॉक कर रहे रिटायर्ड ब्रिगेडियर मुकेश जोशी को गोली लग गई थी। बताया गया कि फॉर्च्यूनर और स्कॉर्पियो सवार युवकों के बीच विवाद के बाद एक पक्ष ने दूसरे वाहन का पीछा करते हुए फायरिंग की थी। इसी दौरान रास्ते से गुजर रहे ब्रिगेडियर मुकेश जोशी गोली की चपेट में आ गए और उनकी मौत हो गई। इस घटना ने शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े किए थे।
इसके बाद तीन जुलाई की रात रायपुर क्षेत्र में छह नंबर पुलिया के पास रिंग रोड पर शराब के ठेके के बाहर दो पक्षों के बीच विवाद हुआ। विवाद के दौरान फायरिंग में दो युवक घायल हो गए थे। दोनों को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस ने मामले में अरुण कुमार, सन्नी कुमार और आदर्श सिंह को गिरफ्तार किया था। जांच में दोनों पक्षों के बीच पुराना विवाद सामने आया था।
अब 20 सितंबर को पटेलनगर क्षेत्र में दो गुटों के बीच हुए विवाद के बाद फायरिंग की घटना सामने आई। बताया जा रहा है कि पटेलनगर में एक गुट के युवकों से विवाद के लिए कार सवार गुरमीत, अमन और रोहित पहुंचे थे। कहासुनी और झगड़े के बाद जब कार सवार वहां से निकलने लगे तो पीछे से कुछ युवक डंडे लेकर पहुंचे। इनमें से एक युवक ने कार के पिछले शीशे पर डंडा मारकर उसे तोड़ दिया। इसके बाद कार सवार युवकों ने फायरिंग कर दी।
घटना के बाद कार सवार युवक मौके से तेजी से फरार हो गए। इस दौरान सफेद रंग की बाइक समेत दो दोपहिया वाहनों पर सवार युवकों ने उनका पीछा शुरू कर दिया। पीछा करते हुए दोनों पक्ष शिमला बाईपास रोड तक पहुंच गए, जहां कार सवारों की ओर से दोबारा फायरिंग किए जाने की बात सामने आई है। घटना में एक युवक के घायल होने की सूचना है। पटेलनगर में हुआ विवाद और फायरिंग सीसीटीवी कैमरे में भी कैद हुई है।
फायरिंग की सूचना मिलते ही पुलिस ने जिले के सभी थानों को अलर्ट कर दिया। सीमाओं पर निगरानी बढ़ाते हुए सघन चेकिंग अभियान शुरू किया गया। पुलिस की कार्रवाई के दौरान कुछ ही घंटों में एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया और फायरिंग में इस्तेमाल कार को सीज कर दिया गया।
एसपी सिटी प्रमोद कुमार ने कहा कि घटना में शामिल सभी आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं। उन्होंने कहा कि शहर में दहशत फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और सार्वजनिक स्थानों पर हथियारों के इस्तेमाल को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
लगातार सामने आ रही इन घटनाओं ने यह सवाल खड़ा कर दिया है कि आखिर युवाओं के आपसी विवाद में हथियार इतनी आसानी से कैसे पहुंच रहे हैं। पुलिस के सामने आरोपियों की गिरफ्तारी के साथ-साथ सार्वजनिक स्थानों पर अवैध हथियारों के इस्तेमाल और फायरिंग की घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाने की बड़ी चुनौती है।






