
ईरान : हालात तेजी से बिगड़ते जा रहे हैं। देश में लगातार हिंसक झड़पों की खबरें सामने आ रही हैं और हालात इस कदर तनावपूर्ण हो चुके हैं कि सरकार ने पूरे देश में इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी हैं। एयरस्पेस पूरी तरह सील कर दिया गया है और मस्जिदों को आग लगाए जाने की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। बताया जा रहा है कि अब तक सैकड़ों मस्जिदों को नुकसान पहुंचाया जा चुका है।
सूत्रों के मुताबिक, ईरान में सत्ता के केंद्रों को घेरने की रणनीति पर काम शुरू हो चुका है और सेना के कई मुख्यालयों पर नियंत्रण कर लिया गया है। सर्वोच्च नेता अयातुल्ला खामनेई को लेकर भी हालात बेहद संवेदनशील बताए जा रहे हैं। आशंका जताई जा रही है कि या तो उन्हें देश छोड़ना पड़ सकता है या फिर उनके खिलाफ बड़ी कार्रवाई की जा सकती है।
इसी बीच अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की चेतावनी के बाद हालात और गंभीर हो गए हैं। आशंका जताई जा रही है कि अमेरिका किसी भी वक्त ईरान पर बड़ा हमला कर सकता है। इसी वजह से ईरान ने अपना एयरस्पेस पूरी तरह बंद कर दिया है और सुरक्षा व्यवस्था को सर्वोच्च स्तर पर रखा गया है।
हालात को देखते हुए कई देशों ने अपने नागरिकों को ईरान से बाहर निकालने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। भारत सरकार ने भी बड़ा कदम उठाते हुए ईरान में फंसे भारतीय नागरिकों के लिए एडवाइजरी जारी की है। सरकार ने भारतीयों से अपील की है कि वे उपलब्ध परिवहन साधनों के जरिए जल्द से जल्द ईरान छोड़ दें।
एयरलाइंस ने भी यात्रियों के लिए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। कुछ रूट्स पर वैकल्पिक रास्तों से उड़ानें चलाई जा रही हैं, जबकि कई उड़ानें रद्द भी की गई हैं। यात्रियों को एयरपोर्ट जाने से पहले अपनी फ्लाइट की स्थिति जांचने की सलाह दी गई है।
ईरान में बढ़ती हिंसा, धार्मिक स्थलों पर हमले, इंटरनेट बंदी और संभावित अमेरिकी हमले की आशंका ने पूरे क्षेत्र को दहशत में डाल दिया है। हालात हर घंटे और ज्यादा भयावह होते जा रहे हैं।






