
देहरादून : राष्ट्रीय मतदाता दिवस के अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय, देहरादून में मतदाता जागरूकता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एक विशेष जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य लोकतांत्रिक प्रक्रिया में भागीदारी को सशक्त बनाना और कर्मचारियों को अपने मताधिकार के महत्व के प्रति जागरूक करना रहा।
कार्यशाला के दौरान कार्यालय के समस्त अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने जागरूक मतदाता शपथ ली। शपथ के माध्यम से सभी ने निष्पक्ष, निर्भीक और जिम्मेदार नागरिक के रूप में अपने मताधिकार का प्रयोग करने तथा दूसरों को भी मतदान के लिए प्रेरित करने का संकल्प लिया। अधिकारियों ने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती तभी संभव है जब हर नागरिक जागरूक होकर अपने मत का प्रयोग करे।
इस अवसर पर अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. वंदना सेमवाल ने कर्मचारियों को संबोधित करते हुए कहा कि मतदान केवल अधिकार नहीं बल्कि एक महत्वपूर्ण कर्तव्य भी है। उन्होंने कहा कि एक जागरूक मतदाता ही सशक्त लोकतंत्र की नींव रखता है और प्रत्येक नागरिक को बिना किसी दबाव या प्रलोभन के अपने विवेक से मतदान करना चाहिए।
मुख्य प्रशासनिक अधिकारी नवीन चंद्र जोशी ने मतदाता दिवस के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि राष्ट्रीय मतदाता दिवस का उद्देश्य विशेष रूप से युवाओं और कर्मचारियों में लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत करना है। उन्होंने सभी से आग्रह किया कि वे न केवल स्वयं मतदान करें, बल्कि अपने परिवार और समाज के अन्य लोगों को भी मतदान के प्रति जागरूक करें।
वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी अरुणा नेगी ने कहा कि सरकारी सेवाओं से जुड़े कर्मचारियों की जिम्मेदारी और भी बढ़ जाती है, क्योंकि वे समाज के लिए एक उदाहरण होते हैं। उन्होंने कर्मचारियों से अपील की कि वे निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव प्रक्रिया में सक्रिय भागीदारी निभाएं।
कार्यक्रम में प्रशासनिक अधिकारी कांति शर्मा, फार्मेसी अधिकारी उत्तम सिंह बिष्ट, वेद प्रकाश रतूड़ी सहित कार्यालय के समस्त अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी ने एकजुट होकर लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
कार्यशाला के अंत में उपस्थित अधिकारियों ने यह भी संकल्प लिया कि आगामी चुनावों में अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए वे अपने स्तर से निरंतर प्रयास करेंगे। कार्यक्रम का समापन सकारात्मक संदेश के साथ हुआ कि जागरूक मतदाता ही सशक्त और मजबूत लोकतंत्र की पहचान है।





