
मेरठ : इंचौली थाना क्षेत्र के जलालपुर गांव से एक बेहद दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई है, जहां एक ही परिवार के चार चचेरे भाइयों के गंगा नदी में डूब जाने से पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है। यह हादसा शुक्रवार दोपहर करीब साढ़े तीन बजे हस्तिनापुर के मखदूमपुर गंगा घाट पर उस समय हुआ, जब परिवार अपनी 100 वर्षीय बुजुर्ग दादी के अंतिम संस्कार के लिए वहां पहुंचा था।
अंतिम संस्कार के बाद परिवार के कुछ युवक गंगा में स्नान करने लगे। इसी दौरान अभिषेक (21), हिमांशु (17), दीपांशु (17) और प्रियांशु (15) अचानक गहरे पानी में चले गए और तेज धारा में बह गए। उनके साथ मौजूद प्रदीप नामक युवक भी डूबने लगा था, लेकिन मौके पर मौजूद एक युवक राहुल ने बहादुरी दिखाते हुए उसे सुरक्षित बाहर निकाल लिया। हालांकि बाकी चारों युवकों का कोई पता नहीं चल सका।
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंच गए। गोताखोरों की टीम और पीएसी के जवानों ने देर रात तक सर्च ऑपरेशन चलाया, लेकिन चारों का कोई सुराग नहीं मिल पाया। प्रशासन ने रात में भी खोज अभियान जारी रखने के लिए विशेष इंतजाम किए।
इस हादसे के बाद जलालपुर गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। जिन घरों में कुछ समय पहले तक हंसी-खुशी का माहौल था, वहां अब सिर्फ चीख-पुकार और मातम का सन्नाटा है। मृतकों की माताओं का रो-रोकर बुरा हाल है। अभिषेक और हिमांशु की मां अपने बेटों के कपड़ों को सीने से लगाकर बार-बार बेहोश हो रही हैं, वहीं दीपांशु और प्रियांशु की मां अपने बच्चों को याद कर बिलख रही हैं।
परिजनों के मुताबिक चारों युवक पढ़ाई में काफी होनहार थे और परिवार की उम्मीद थे। एक ही हादसे में चार युवाओं के लापता होने से परिवार पूरी तरह टूट चुका है। दीपांशु और प्रियांशु के पिता का कहना है कि उनके जीवन का सहारा ही खत्म हो गया है।
यह घटना उस समय और भी ज्यादा दुखद हो जाती है, जब पता चलता है कि परिवार अपनी दादी को अंतिम विदाई देने गया था, लेकिन वही सफर चार पोतों के लिए भी आखिरी साबित हुआ। गांव के लोग और रिश्तेदार इस त्रासदी से गहरे सदमे में हैं और लगातार पीड़ित परिवार को सांत्वना देने पहुंच रहे हैं।फिलहाल प्रशासन की टीमें गंगा में लापता युवकों की तलाश में जुटी हुई हैं और परिजनों को उम्मीद है कि जल्द ही कोई खबर मिलेगी, लेकिन गांव में पसरा सन्नाटा इस दर्दनाक हादसे की गवाही दे रहा है।




