
हल्द्वानी/देहरादून : देश की एकता, अखंडता और सुरक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले अमर शहीदों को गुरुवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने श्रद्धापूर्वक नमन किया। हल्द्वानी स्थित शहीद स्मारक पहुंचकर मुख्यमंत्री ने अमर शहीदों को पुष्पांजलि अर्पित की और उनके अदम्य साहस, त्याग एवं राष्ट्र के प्रति समर्पण को याद किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि देश की रक्षा और सम्मान के लिए अपने प्राण न्योछावर करने वाले वीरों का बलिदान कभी भुलाया नहीं जा सकता।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि शहीदों ने राष्ट्र की एकता, अखंडता और सुरक्षा के लिए सर्वोच्च बलिदान दिया है। उनका त्याग आने वाली पीढ़ियों के लिए हमेशा प्रेरणास्रोत बना रहेगा। उन्होंने कहा कि देश के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले वीर जवानों की कर्तव्यनिष्ठा और राष्ट्र के प्रति समर्पण प्रत्येक नागरिक को देश सेवा के लिए प्रेरित करता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि शहीद स्मारक केवल एक स्मृति स्थल नहीं है, बल्कि यह राष्ट्रभक्ति, त्याग और देश सेवा की भावना को जीवंत रखने वाला महत्वपूर्ण स्थान है। यहां आने वाली भावी पीढ़ियों को अमर शहीदों के संघर्ष और बलिदान से प्रेरणा मिलेगी। उन्होंने कहा कि शहीदों की स्मृतियों को संजोना और उनके योगदान को नई पीढ़ी तक पहुंचाना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड वीरों की भूमि रही है और प्रदेश के अनेक वीर सपूतों ने देश की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति दी है। ऐसे वीरों का जीवन साहस, अनुशासन और राष्ट्र के प्रति समर्पण का उदाहरण है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार शहीदों के सम्मान को सर्वोच्च प्राथमिकता देती है और उनके परिजनों के कल्याण एवं सम्मान के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि शहीद परिवारों के सम्मान और उनके हितों से जुड़े विषयों को सरकार गंभीरता से लेती है। शहीदों के परिजनों के प्रति सम्मान व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि राष्ट्र उनके त्याग का सदैव ऋणी रहेगा। सरकार का प्रयास है कि शहीद परिवारों को हरसंभव सहयोग और सम्मान उपलब्ध कराया जाए।
इस अवसर पर भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट, सांसद अजय भट्ट समेत विभिन्न जनप्रतिनिधि और गणमान्य लोग मौजूद रहे। सभी ने शहीद स्मारक पर अमर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके बलिदान को नमन किया।
कार्यक्रम के दौरान शहीदों की वीरता और राष्ट्र के प्रति उनके समर्पण को याद किया गया। उपस्थित जनप्रतिनिधियों ने कहा कि देश की सुरक्षा और सम्मान के लिए शहीद हुए वीरों का योगदान राष्ट्र के इतिहास में हमेशा अमर रहेगा। उनके बलिदान से समाज को देशहित में कार्य करने और राष्ट्र की एकता एवं अखंडता को मजबूत बनाए रखने की प्रेरणा मिलती है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि शहीद स्मारक आने वाली पीढ़ियों को यह संदेश देता रहेगा कि राष्ट्र की सुरक्षा और सम्मान सर्वोपरि है। अमर शहीदों की स्मृतियां समाज में देशभक्ति की भावना को मजबूत करने के साथ ही युवाओं को राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित करती रहेंगी।






