
देहरादून : सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने बुधवार को अपने कैंप कार्यालय में सैनिक कल्याण विभाग की विस्तृत समीक्षा बैठक आयोजित कर विभागीय योजनाओं, लंबित परियोजनाओं तथा मुख्यमंत्री घोषणाओं की प्रगति का जायजा लिया। बैठक के दौरान उन्होंने अधिकारियों को सभी योजनाओं एवं विकास कार्यों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर गुणवत्ता के साथ पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि सैनिकों, पूर्व सैनिकों एवं उनके आश्रितों के हितों से जुड़ी योजनाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
बैठक में मंत्री गणेश जोशी ने विशेष रूप से सैन्य धाम के निर्माण कार्यों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देशित किया कि अंतिम चरण के सभी कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि सैन्य धाम उत्तराखंड के वीर सैनिकों के सम्मान और गौरव का प्रतीक है, इसलिए इसके लोकार्पण से जुड़ी सभी तैयारियां समयबद्ध तरीके से पूरी की जाएं। साथ ही लोकार्पण समारोह की रूपरेखा, व्यवस्थाओं तथा प्रदेश स्तरीय कार्यक्रम की विस्तृत कार्ययोजना भी तय समय के भीतर तैयार करने के निर्देश दिए, ताकि आयोजन सफल एवं गरिमामय ढंग से संपन्न हो सके।
समीक्षा बैठक के दौरान मंत्री जोशी ने सचिव सैनिक कल्याण को मुख्यमंत्री द्वारा सैनिक कल्याण विभाग से संबंधित की गई घोषणाओं की नियमित मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक घोषणा की प्रगति की लगातार समीक्षा की जाए और जिन कार्यों में किसी प्रकार की बाधा आ रही हो, उनका समय रहते समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने अधिकारियों से योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी लाने और समन्वय के साथ कार्य करने पर भी जोर दिया।
मंत्री गणेश जोशी ने प्रदेशभर में संचालित सैनिक विश्राम गृहों की स्थिति की भी समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को सभी सैनिक विश्राम गृहों के जीर्णोद्धार एवं आधुनिकीकरण के लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए, ताकि पूर्व सैनिकों एवं उनके परिजनों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें। इसके अलावा सेना में भर्ती की तैयारी करने वाले युवाओं के लिए भर्ती पूर्व प्रशिक्षण केंद्र स्थापित करने हेतु उपयुक्त स्थानों का चयन करने और इस संबंध में शीघ्र प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश भी दिए।
बैठक में हल्द्वानी में सैनिकों के बच्चों के लिए प्रस्तावित 150 कक्षों वाले आधुनिक छात्रावास परियोजना पर भी विस्तार से चर्चा हुई। मंत्री जोशी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि परियोजना में किसी प्रकार का अनावश्यक विलंब न हो, इसके लिए शीघ्र वैकल्पिक भूमि का चयन कर आवश्यक औपचारिकताएं पूरी की जाएं, ताकि निर्माण कार्य जल्द शुरू किया जा सके। उन्होंने कहा कि यह छात्रावास सैनिक परिवारों के बच्चों को बेहतर आवासीय एवं शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल साबित होगा।
सैनिक कल्याण मंत्री ने बैठक में अधिकारियों को विभागीय योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, पारदर्शिता और समयबद्ध कार्य संस्कृति अपनाने के निर्देश देते हुए कहा कि सैनिकों एवं पूर्व सैनिकों के सम्मान और कल्याण से जुड़े सभी कार्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल हैं। उन्होंने कहा कि विभाग की प्रत्येक योजना का लाभ पात्र लाभार्थियों तक समय पर पहुंचे, इसके लिए अधिकारी पूरी जिम्मेदारी के साथ कार्य करें।
बैठक में सचिव सैनिक कल्याण युगल किशोर पंत, अपर सचिव एवं निदेशक सैनिक कल्याण श्याम सिंह, प्रबंध निदेशक उपनल ब्रिगेडियर जेएएस बिष्ट सहित सैनिक कल्याण विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।






